रिलायंस का वार सीएनएन-आईबीएन और IBN7 में कत्लेआम !

0
459

कॉरपोरेट की लात - पत्रकारों की दुर्गत
कॉरपोरेट की लात – पत्रकारों की दुर्गत
शीर्षक में ‘कत्लेआम’ शब्द देखकर एकबारगी आप जरूर चौंके होंगे. जी हाँ ये एक तरह का कत्लेआम ही है जब एक साथ सैंकडों मीडियाकर्मी सड़क पर आ जायेंगे और उनका पूरा करियर दाँव पर लग जाएगा. साथ ही में एक बार फिर से ये साबित हो जाएगा कि मीडिया में चाहे आप कितने भी बड़े ब्रांड/संस्थान में क्यों न चले जाए, आपके करियर और नौकरी की कोई गारंटी नहीं.

मीडिया खबर पर पिछली रिपोर्ट ‘CNN-IBN और IBN7 में मचेगा हाहाकार, सैकड़ों होंगे बेरोजगार‘ में हम बता चुके है कि नेटवर्क18 के दो चैनलों सीएनएन – आईबीएन और IBN7 में बड़े पैमाने पर छंटनी होने वाली है.

संभवतः टेलीविजन न्यूज़ इंडस्ट्री की सबसे बड़ी छंटनी यही होगी. सैंकडों मीडियाकर्मी सड़क पर आ जायेंगे. बहुत सारे लोगों का भविष्य चौपट हो जाएगा. यह सब कॉस्ट कटिंग के नाम पर होगा. यह बात अलग है कि कंपनी के हाल में आए तिमाही नतीजे में कंपनी का बैलेंसशीट लाभ दिखा रहा है.

कॉर्पोरेट मीडिया की बात लंबे से हो रही थी लेकिन उसका असल स्वरुप और चरित्र अब सामने आएगा. ये बात हम इसलिए कह रहे हैं क्योंकि भरोसेमंद सूत्र बता रहे हैं कि ये सब रिलायंस के इशारे पर हो रहा है. गौरतलब है कि रिलायंस (मुकेश अंबानी) ने पिछले साल नेटवर्क18 ग्रुप में भारी निवेश किया था और उसी निवेश बदौलत ग्रुप ने ईटीवी नेटवर्क के क्षेत्रीय चैनलों का अधिग्रहण किया था.

ऐसा लगता है कि अब रिलायंस उसी निवेश को सूद समेत वसूलने की कवायद में लग गया है और जिसके तहत ये एजेंडा है कि कॉस्ट कटिंग करों, लाभ बढाओ. यानी रिलायंस का वार सीएनएन – आईबीएन और IBN7 में कत्लेआम.

नयी सूचना है कि इस कत्लेआम की तैयारी पूरी कर ली गयी है. दिल्ली – मुंबई से निकाले जाने वाले मीडियाकर्मियों की सूची तैयार कर ली गयी है और इन मीडिया मजदूरों को कभी भी लेटर थमाया जा सकता है. सूत्रों की माने तो आज ये मनहूस घोषणा हो सकती है. सूत्रों के अनुसार दोनों चैनल और दिल्ली – मुंबई मिलाकर तकरीबन 350 मीडियाकर्मियों के नाम इस सूची में हो सकते हैं. यानी त्राहिमाम – त्राहिमाम.

(यदि इस संबंध में आपके पास भी कोई सूचना हो और साझा करना चाहे तो mediakhabaronline@gmail.com पर भेजें या फिर 9999177575 नंबर पर एसएमएस करें)

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

15 + 11 =

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.